आबल-ताबल : तीन : ललन चतुर्वेदी
आबल-ताबल – ललन चतुर्वेदी परसाई जी की बात चलती है तो व्यंग्य विधा की बहुत याद आती है। वे व्यंग्य के शिखर हैं - उन्होंने इस...
आबल-ताबल – ललन चतुर्वेदी परसाई जी की बात चलती है तो व्यंग्य विधा की बहुत याद आती है। वे व्यंग्य के शिखर हैं - उन्होंने इस...
नयी सदी के पूर्वार्ध में कम कहानियाँ लिख कर भी विषय की नवीनता के कारण जिन कथाकारों ने अपनी एक अलग पहचान बनायी उनमें राजेश प्रसाद का नाम अलग से रेखांकित किया...
आबल-ताबल – ललन चतुर्वेदी परसाई जी की बात चलती है तो व्यंग्य विधा की बहुत याद आती है। वे व्यंग्य के शिखर हैं - उन्होंने इस विधा को स्थापित किया, लेकिन...
रूपम मिश्र को मनीषा त्रिपाठी अनहद कोलकाता सम्मान-2022 अनहद कोलकाता एवं एमटीएफ फिल्म द्वारा आयोजित एक पारिवारिक कार्यक्रम में आज चर्चित युवा कवि रूपम मिश्र को मनीषा त्रिपाठी स्मृति अनहद कोलकाता सम्मान...
परसाई जी की बात चलती है तो व्यंग्य विधा की बहुत याद आती है। वे व्यंग्य के शिखर हैं। उन्होंने इस विधा को स्थापित किया लेकिन यह विधा इधर के दिनों में...
युवा कवि रूपम मिश्र को 7 जनवरी 2023 को द्वितीय मनीषा त्रिपाठी स्मृति अनहद कोलकाता सम्मान प्रदान किया गया है। कवि को बहुत बधाई। ध्यातव्य कि सम्मान समारोह में युवा साथी मृत्युंजय...
ज्ञान प्रकाश पाण्डे ज्ञान प्रकाश पाण्डे की ग़ज़लें एक ओर स्मृतियों की मिट्टी में धँसी हुई हैं तो दूसरी ओर वर्तमान समय की नब्ज पर उंगली भी रखतीं है। उनकी...
विवेक चतुर्वेदी विवेक चतुर्वेदी हमारे समय के महत्वपूर्ण युवा कवि हैं। न केवल कवि बल्कि एक एक्टिविस्ट भी जो अपनी कविताओं में समय, संबंधों औरस्वप्न-यथार्थ की नब्ज की टोह लेते...
ललन चतुर्वेदी कविता के बारे में एक आग्रह मेरा शुरू से ही रहा है कि रचनाकार का मन कुम्हार के आंवे की तरह होता है – हर समय और हर एक वर्तन...
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