समकालीन कविता पर कुछ बेतरतीब बातें
भाई महेश वर्मा ने परस्पर के लिए जो प्रश्नों की श्रृंखला तैयार की थी, उसके उत्तर में ये कुछ बेतरतीब बातें.... ...
भाई महेश वर्मा ने परस्पर के लिए जो प्रश्नों की श्रृंखला तैयार की थी, उसके उत्तर में ये कुछ बेतरतीब बातें.... ...
नील कमल का आज जन्म दिन है। उन्हें ढेरों बधाईयां व शुभकामनाएं । उनका लेख आज अनहद परअभी न होगा मेरा अंत नील कमल नील कमल - 9433123379 सभ्यता के विकास के...
निशांत - 9239612662निशांत की यह कविता परिकथा मई-जून, 2010 में छपी थी। निशांत बहुत समय से कविता लेखन में सक्रिय हैं और कविता के लिए उन्हें प्रतिष्टित भारत भूषण अग्रवाल पुरस्कार, 2008,...
कहानी की बात पूछी जाय तो पहला परिचय प्रेमचंद की कहानियों से होता है, और भी कहानियां देखने में आती हैं, लेकिन जो दिल और दिमाग में सीधे-सीधे उतरता है, वह पेमचंद...
विजय कुमार सिंह की कविताएं उनके अन्दर मौजूद इनोसेंसी से बनती हैं। यह काबिले गौर है कि इस बिल्कुल नए कवि में शब्द और कथ्य की मासूमियत बची हुई है। मेरा आज...
प्रसन्न कुमार झा की कविताएं एक सर्वथा नवीन भाषा और नूतन अभिव्यक्ति की छटपटाहट से लैस हैं। यह स्वभाविक भी है क्योंकि प्रसन्न अपनी अभिव्यक्ति की पहली दहलीज पर हैं और उनके...
बत्तीस की उम्र में कुँवारापन कुँवारेपन की इस उम्र में बंद सपने नहीं आते आकाश की तरह खुले और तेज बरसात में धुली सड़क की तरह साफ और हद से ज्यादा चिकने...
नीरज चड्ढानीरज चड्ढा एक ऐसे मित्र रहे हैं जिन्हें मैं एक गंभीर अध्येता और वैज्ञानिक के रूप में जानता था। कई बार मंच से जब वे बोलते थे तो ऐसी कविताएं उद्धृत...
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